ब्रजेश पोरवाल-एडीटर &चीफ टाइम्स ऑफ आर्यावर्त 7017774931
भरथना। नवचेतना मंच के तत्वावधान में शनिवार को अबध गार्डन में पावस काव्य समारोह का भव्य आयोजन किया गया। काव्य की शुरुआत अरुण पोरवाल की मधुर ईश वंदना से हुई, वहीं अरविन्द योगी ने अपनी रचना में व्यवस्था पर करारा सवाल खड़ा किया।
प्रयागराज से पधारे कवि तीर्थराज ने पंक्तियों “हर ज़ख्म पर लगा हुआ मरहम बना दिया, नदियों के समागम ने है संगम बना दिया” से खूब तालियां बटोरी। कवि अशोक यादव की पंक्ति “रोशनी कैद हो गई जाकर, ऊंचे-ऊंचे से कुछ मकानों में” ने भी श्रोताओं को सोचने पर मजबूर किया।
डॉ. मंजू मृदुल की ग़ज़ल और मुक्तक ने भी श्रोताओं का दिल जीत लिया। राम राही, प्रमोद तिवारी, हरिओम विमल (इटावा), अमित कुमार (इटावा), और उमेश कुमार (दिवियापुर) की रचनाओं को भी सराहना मिली।
इस अवसर पर पूर्व प्रधानाचार्य श्रीकृष्ण यादव का नागरिक अभिनंदन किया गया। समारोह की अध्यक्षता पप्पन सिद्दीकी ने की, संचालन जनवादी कवि अनिल दीक्षित ने किया। कार्यक्रम में मिथिलेश यादव, मनोज दीक्षित, बृजेश सिंह, डॉ. राजू, सुरेश कुमार, निर्झर यादव व कृष्ण कुमार यादव सहित कई साहित्यप्रेमी उपस्थित रहे।
