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व्यापार प्रतिनिधि मंडल की 15 वर्ष पुरानी मांग हुई पूरी, सरकार ने दिया बड़ा तोहफा
लखनऊ। उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल को बड़ी सफलता मिली है। व्यापारी वर्ग को राहत देते हुए राज्य सरकार ने व्यापारियों को जेल भेजने वाले कानून को समाप्त कर दिया है। अब व्यापारिक मामलों का निस्तारण जेल की जगह प्रशासनिक कार्यालयों के माध्यम से किया जाएगा।
व्यापार मंडल के प्रदेश अध्यक्ष बनवारीलाल कंछल ने बताया कि संगठन की यह 15 साल पुरानी मांग थी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने व्यापारियों की समस्याओं को समझते हुए इसे समाप्त करने का निर्णय लिया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के लाखों व्यापारियों को अब मामूली मामलों में जेल जाने की चिंता नहीं रहेगी।
कंछल ने कहा कि प्रदेश के 7 करोड़ से अधिक लोग प्रत्यक्ष या परोक्ष रूप से व्यापार से जुड़े हैं। छोटे दुकानदारों से लेकर बड़े उद्योगपतियों तक सभी को इस निर्णय से राहत मिलेगी। उन्होंने कहा कि अब विवादों का समाधान जेल की बजाय प्रशासनिक स्तर पर किया जाएगा, जिससे व्यापारिक माहौल बेहतर होगा।
प्रदेश अध्यक्ष ने बताया कि संगठन ने लंबे समय से सरकार से इस कानून में बदलाव की मांग की थी। इसके तहत अब मामूली चूक या विवादों में व्यापारियों को जेल भेजने की बजाय संबंधित विभागों के माध्यम से समाधान कराया जाएगा।
व्यापार मंडल ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का आभार जताते हुए कहा है कि सरकार ने व्यापारियों की समस्याओं को संवेदनशीलता के साथ समझा और समाधान का रास्ता निकाला।
इटावा उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल के जिला अध्यक्ष संतोष सिंह चौहान व जिले के समस्त पदाधिकारीओं ने इस ऐतिहासिक निर्णय पर प्रसन्नता जाहिर की है।
